नज़र लग गयी दोस्ती को हमारी
दो दिन में बिखर गयी यारी हमारी
रुसवा ऐसी हुई यारी
दिल आंसुओ के संग छोड़ गयी यारी
डर लग रहा अब करने में यारी
कहीं किसी छोटी सी तकरार पे
रूठ धोखा ना दे जाये ऐ यारी
नज़र लग गयी दोस्ती को हमारी
Friday, December 30, 2011
नया साल
इस रात के संग साल गुजर जायेगा
आनेवाली सुबह के संग नये साल का सबेरा आयेगा
कुछ खट्टी कुछ मिट्ठी यादों से भरा
यह वर्ष पल में विदा कह जायेगा
आशा करे आनेवाला नया वर्ष
नया जोश नयी उमंग लेकर आयेगा
आनेवाली सुबह के संग नये साल का सबेरा आयेगा
कुछ खट्टी कुछ मिट्ठी यादों से भरा
यह वर्ष पल में विदा कह जायेगा
आशा करे आनेवाला नया वर्ष
नया जोश नयी उमंग लेकर आयेगा
जीत हार
तुम से जीत के भी
हारने को मन करता
तुम से हार
दिल को सकून मिलता है
ऐ कैसा बंधन है
जिसमे जिन्दगी हार जाने को मन करता है
तुम से जीत के भी
हारने को मन करता है
हारने को मन करता
तुम से हार
दिल को सकून मिलता है
ऐ कैसा बंधन है
जिसमे जिन्दगी हार जाने को मन करता है
तुम से जीत के भी
हारने को मन करता है
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