दिल जो टूटा
ताश के पत्तों की तरह
सपनों के आशियाँ बिखर गए
घरोंदे प्यार के
बसने से पहले ही उजड़ गए
दिल जो टूटा
ताश के पत्तों की तरह
सपनों के आशियाँ बिखर गए
घरोंदे प्यार के
बसने से पहले ही उजड़ गए
कहानी है ये सच्ची
रंक से राजा बनने की
फर्श से अर्श पे पहुँचने की
किया नहीं उसने कभी किसीको निराश
खुले हाथ किया दान
की मेहनत बहुत
ह़र दौर देखा जिन्दगी का
ओर रखा खुद पे विश्वास
ईश्वर ने भी सुनी प्रार्थना
साधारण से इन्सां को
पल में बना दिया महान
गुलजार रहे तेरा दामन सदा
है रब से यही दुआ
पग पग खुशियाँ मिलती रहे
रहे सलामत सदा तेरा जहाँ
खिलखिलाती मुस्कराती रहो तुम सदा
मेरी तो रब से बस यही है दुआ
कितनी प्यारी थी वो छोटी सी मुलाक़ात
चाँदनी रात में नहाई हुई थी रात
झील मिल करते सितारों के साथ
बैठे थे हम तुम डाले हाथों में हाथ
एक दूजे को निहारते हुए
गुजर गयी वो खुबसूरत रात
आज भी जब ढलती है चाँदनी रात
याद आ जाती है
गुजरी हुई वो हसीन रात